डांगरा पुल के पास गहरे गड्ढे में डूबे 55 वर्षीय रामचंद्र मुसहर, मौत से परिवार में मचा कोहराम
बधार की ओर गए थे रामचंद्र, खेत देखने पहुंचे किसानों ने पानी में तैरता शव देखा; बेटियों की शादी की तैयारियों के बीच हादसे ने परिवार की खुशियां मातम में बदलीं
न्यूज विज़न। बक्सर
नावानगर थाना क्षेत्र के डांगरा पुल के समीप गुरुवार की सुबह पानी से भरे एक गहरे गड्ढे में डूबने से 55 वर्षीय रामचंद्र मुसहर की मौत हो गई। मृतक केसठ के रहने वाले थे। घटना की जानकारी मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। पत्नी और बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है।
मिली जानकारी के अनुसार, रामचंद्र मुसहर गुरुवार की सुबह अपने घर से बधार की ओर गए थे। इसी दौरान किसी तरह असंतुलित होकर वह पानी से भरे गहरे गड्ढे में गिर गए। गड्ढा गहरा होने के कारण वह पानी में डूब गए और उनकी मौत हो गई।
कुछ देर बाद खेत की ओर पहुंचे किसानों की नजर पानी में उपलाते शव पर पड़ी। इसके बाद उन्होंने तत्काल इसकी सूचना ग्रामीणों और प्रशासन को दी। घटना की जानकारी मिलते ही नावानगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और स्थानीय लोगों की मदद से शव को पानी से बाहर निकलवाया।
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर आवश्यक कार्रवाई पूरी की और पोस्टमार्टम के लिए पुराने सदर अस्पताल भेज दिया। घटना के बाद गांव और आसपास के इलाके में शोक का माहौल है।
परिवार के इकलौते कमाऊ सदस्य थे रामचंद्र
परिजनों के अनुसार, रामचंद्र मुसहर परिवार के इकलौते कमाऊ सदस्य थे। वह मेहनत-मजदूरी कर परिवार का भरण-पोषण करते थे। इन दिनों वह अपनी बेटियों की शादी की तैयारियों में जुटे थे। परिवार में बेटियों की शादी को लेकर खुशियों का माहौल बनने लगा था, लेकिन अचानक हुए इस हादसे ने परिवार की खुशियों को मातम में बदल दिया।
रामचंद्र की मौत के बाद परिवार के सामने रोजी-रोटी का संकट भी खड़ा हो गया है। वहीं, बेटियों की शादी की जिम्मेदारी को लेकर परिजनों की चिंता और बढ़ गई है। पत्नी और बच्चों के विलाप से मौके पर मौजूद ग्रामीण भी भावुक हो उठे।
मुआवजे की मांग
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने जिला प्रशासन से पीड़ित परिवार की आर्थिक स्थिति को देखते हुए उचित मुआवजा उपलब्ध कराने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि परिवार के कमाऊ सदस्य की अचानक मौत से परिजनों के सामने गंभीर आर्थिक संकट पैदा हो गया है। ऐसे में प्रशासन को पीड़ित परिवार की मदद के लिए तत्काल पहल करनी चाहिए।




