साबित खिदमत अस्पताल परिसर में गांधी-शास्त्री जयंती पर समाजसेवा और जिम्मेदार नागरिकता का संदेश
साबित खिदमत फाउंडेशन एवं मानवाधिकार एवं सामाजिक न्याय संगठन के संयुक्त तत्वावधान में कार्यक्रम, महापुरुषों के विचारों को जीवन में उतारने का आह्वान


न्यूज़ विज़न। बक्सर
साबित खिदमत फाउंडेशन एवं मानवाधिकार एवं सामाजिक न्याय संगठन, बक्सर के संयुक्त तत्वावधान में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी एवं पूर्व प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री की जयंती श्रद्धापूर्वक मनाई गई। इस अवसर पर दोनों महापुरुषों को नमन करते हुए उनके जीवन, विचारों और राष्ट्रनिर्माण में दिए गए योगदान को याद किया गया।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए साबित खिदमत फाउंडेशन के निदेशक एवं मानवाधिकार एवं सामाजिक न्याय संगठन के बिहार प्रदेश महासचिव डॉ. दिलशाद आलम ने कहा कि महात्मा गांधी के सिद्धांतों को अपने जीवन में अपनाकर एक बेहतर, संवेदनशील और सुदृढ़ समाज का निर्माण किया जा सकता है। सत्य, अहिंसा तथा गरीबों और वंचितों की सहायता गांधी जी के जीवन के मूल आधार थे। इन्हीं आदर्शों के माध्यम से उन्होंने देशवासियों को एकजुट किया और स्वतंत्रता आंदोलन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। डॉ. आलम ने कहा कि महापुरुषों को सच्ची श्रद्धांजलि तभी होगी, जब उनके विचारों को व्यवहार में उतारा जाए। जरूरतमंदों की सहायता, आपसी सद्भाव और समाज के प्रति जिम्मेदारी को दैनिक जीवन का हिस्सा बनाना जरूरी है।
वहीं, लाल बहादुर शास्त्री को नमन करते हुए डॉ. आलम ने कहा कि शास्त्री जी की सादगी, ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा आज भी सभी के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने किसानों और जवानों के महत्व को राष्ट्रीय चेतना से जोड़ा। उनका जीवन विनम्रता के साथ देश और समाज की सेवा करने की प्रेरणा देता है। इस अवसर पर डॉ. मनीष कुमार ने लाल बहादुर शास्त्री के जीवन और उनके योगदान पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि गांधी और शास्त्री जी की जयंती देशवासियों के लिए गौरव के साथ-साथ आत्मचिंतन का भी अवसर है। भारत ने बीते दशकों में विभिन्न क्षेत्रों में उल्लेखनीय प्रगति की है। इस प्रगति को आगे बढ़ाने के लिए शिक्षा, स्वास्थ्य, सामाजिक एकता और जिम्मेदार नागरिकता को और मजबूत करना आवश्यक है।
उन्होंने भारत के उज्ज्वल भविष्य के प्रति विश्वास व्यक्त करते हुए कहा कि सामाजिक सहभागिता और जिम्मेदार नागरिकता के माध्यम से देश को और मजबूत बनाया जा सकता है। कार्यक्रम में इजाज, फिजा, विकास, मुस्लिम, राहुल, नासिर, नरेंद्र, नगमा, राम प्यारे, तेज नारायण, पूजा, तहकशा, अमरजीत, आयशा, रोशनी, सबाना, विक्की सहित अनेक सामाजिक कार्यकर्ता एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे।





