सरस्वती विद्या मंदिर में बाल संसद चुनाव संपन्न, बच्चों ने सीखी लोकतंत्र की प्रक्रिया
सरस्वती विद्या मंदिर में मातृ गोष्ठी व बाल संसद चुनाव में छात्र-छात्राओं ने लिया हिस्सा


न्यूज विजन। बक्सर
सिविल लाइंस स्थित सरस्वती विद्या मंदिर में मातृ गोष्ठी व बाल संसद चुनाव कार्यक्रम का आयोजन किया गया। बाल विकास में विद्यालय व अभिभावकों की अहम भूमिका व पारस्परिक दायित्व व ताल-मेल के निमित्त वाटिका स्तर पर कक्षा अरुण, उदय, प्रभात व प्रथम के माताओं के साथ विद्यालय ने मंगलवार को मातृ गोष्ठी का आयोजन हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता अभिभाविकाओं में से हीं एक गुंजा कुमारी ने की।
विद्यालय के प्रधानाचार्य शैलेंद्र कुमार सिंह ने बदलते परिवेश में विद्यालय के संस्कार युक्त शिक्षण के अतिरिक्त नर्सरी से प्रथम के छोटे छात्र-छात्राओं में अहम भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्हें दैनिक जीवन में दिखावा रहित आचरण, संघर्षशील व स्वयं के समस्याओं के समाधान के लिए उचित वातावरण व प्रेरणा देने की बात कही। वाटिका शिक्षा प्रमुख आचार्या संजू सिंह ने राष्ट्रीय शिक्षा नीति में बाल शिक्षण के 12 आयामों के माध्यम से विद्यालय में दी जा रही शिक्षा सप्ताह में एक दिन चलाए जा रहे ‘बैगलेस क्लास’ का महत्व बताया।
आचार्या सुनैना पांडेय व आराधना ने प्रयोगात्मक व अनुभवात्मक शिक्षण का माताओं को ‘लाइव डेमो’ दिया। कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रही गुंजा कुमारी ने विद्यालय द्वारा बच्चों के मानसिक, शारीरिक व उनके आचरण में विकास तथा बच्चों में बिना दबाव बनाए शिक्षण को अहम बताया। कई अभिभाविकाओं ने अपने फीडबैक में विद्यालय के प्रयास और शिक्षण कौशल की सराहना की तथा कई माताओं के महत्वपूर्ण सुझाव को अमल में लाने का निश्चय किया गया।
छात्र-छात्राओं को लोकतांत्रिक परंपरा से अवगत कराने तथा भविष्य के जागरूक नागरिक बनाने हेतु बाल संसद व कन्या भारती के विभिन्न पदों के लिए हुए चुनाव परिणामों की भी आज घोषणा की गई, जिससे छात्र-छात्राओं में नेतृत्व प्रबंधन सह अस्तित्व तथा कर्तव्य बोध सरीखे गुणों का उद्भव हो सके। विजय प्रत्याशियों का शपथग्रहण 16 मई को होगा।





