बक्सर के लाल ने बढ़ाया देश का मान: सीआरपीएफ की 229 वीं बटालियन बनी देश की सर्वश्रेष्ठ जनरल ड्यूटी बटालियन
नई दिल्ली में 88 वें सीआरपीएफ स्थापना दिवस अलंकरण समारोह में कमांडेंट ब्रजेश कुमार सिंह को मिला प्रतिष्ठित सम्मान, नक्सल विरोधी अभियानों में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए बटालियन हुई सम्मानित


न्यूज़ विज़न। बक्सर
बक्सर जिले के लिए गर्व का क्षण उस समय आया, जब केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) की 229वीं वाहिनी ने देश की सर्वश्रेष्ठ जनरल ड्यूटी बटालियन का प्रतिष्ठित सम्मान हासिल किया। नई दिल्ली में 27 जुलाई को आयोजित सीआरपीएफ के 88 वें स्थापना दिवस अलंकरण समारोह में 229 वीं वाहिनी को स्पेशल ऑपरेशंस श्रेणी में सर्वश्रेष्ठ जनरल ड्यूटी बटालियन ट्रॉफी से सम्मानित किया गया।
यह प्रतिष्ठित ट्रॉफी केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) के निदेशक प्रवीण सूद द्वारा 229 वीं बटालियन के कमांडेंट बृजेश कुमार सिंह को प्रदान की गई। समारोह में सीआरपीएफ के महानिदेशक ज्ञानेंद्र प्रताप सिंह (आईपीएस) सहित बल के अनेक वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। इस उपलब्धि को बक्सर जिले के लिए विशेष गौरव का विषय इसलिए भी माना जा रहा है क्योंकि कमांडेंट ब्रजेश कुमार सिंह बक्सर जिले के रामोबोरिया गांव के निवासी हैं। उनके नेतृत्व में 229 वीं वाहिनी ने वर्ष 2025 के दौरान नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में उत्कृष्ट परिचालन क्षमता, अनुकरणीय नेतृत्व, उच्च स्तरीय अनुशासन, प्रभावी प्रशिक्षण, उत्कृष्ट प्रशासनिक प्रबंधन तथा राष्ट्र की आंतरिक सुरक्षा के प्रति समर्पण का परिचय देते हुए यह ऐतिहासिक सफलता अर्जित की। सम्मान प्राप्त करने के बाद कमांडेंट ब्रजेश कुमार सिंह ने कहा कि यह उपलब्धि किसी एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि 229 वीं वाहिनी के प्रत्येक अधिकारी एवं जवान की निष्ठा, साहस, कठिन परिश्रम और टीम भावना का सामूहिक परिणाम है। उन्होंने इस सम्मान का श्रेय अपनी बटालियन के सभी अधिकारियों और जवानों के साथ-साथ वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन, विश्वास और निरंतर प्रोत्साहन को दिया।
उन्होंने कहा कि यह सम्मान केवल एक उपलब्धि नहीं, बल्कि भविष्य में और अधिक उत्कृष्टता के साथ राष्ट्र सेवा, आंतरिक सुरक्षा तथा वामपंथी उग्रवाद के विरुद्ध अभियानों में अपने दायित्वों का निर्वहन करने की प्रेरणा भी है। 229 वीं वाहिनी सीआरपीएफ ने एक बार फिर अपनी पेशेवर दक्षता, परिचालन उत्कृष्टता और राष्ट्र के प्रति अटूट समर्पण का परिचय देते हुए यह साबित किया है कि बल का मूल मंत्र “सेवा और निष्ठा” उसकी कार्यशैली की वास्तविक आधारशिला है। बक्सर के लोगों के लिए यह सम्मान गर्व और प्रेरणा का विषय है। जिले के एक सपूत द्वारा राष्ट्रीय स्तर पर प्राप्त यह उपलब्धि युवाओं को देश सेवा के लिए प्रेरित करने के साथ-साथ पूरे जिले का नाम भी गौरवान्वित कर रही है।





