इटाढ़ी में नरेगा मजदूरों का हल्ला बोल: 200 दिन रोजगार और ₹700 मजदूरी की मांग को लेकर एक दिवसीय हड़ताल
बिहार राज्य नरेगा कामगार यूनियन के बैनर तले सैकड़ों मजदूरों ने मनरेगा कार्यालय के सामने किया प्रदर्शन


न्यूज़ विज़न। बक्सर
बक्सर जिले के इटाढ़ी प्रखंड मुख्यालय स्थित मनरेगा कार्यालय के समक्ष बुधवार को बिहार State नरेगा कामगार यूनियन के नेतृत्व में सैकड़ों नरेगा मजदूरों ने एक दिवसीय हड़ताल और जोरदार प्रदर्शन किया। यह हड़ताल पूरे बिहार में आयोजित राज्यव्यापी आंदोलन का हिस्सा बताया गया। मजदूरों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए रोजगार के दिनों में बढ़ोतरी और मजदूरी दर बढ़ाने की मांग उठाई। हड़ताल का नेतृत्व यूनियन के जिला महासचिव अधिवक्ता रितेश श्रीवास्तव एवं जिला अध्यक्ष भरत राम ने संयुक्त रूप से किया। प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में महिला एवं पुरुष मजदूर मौजूद रहे।
100 नहीं, 200 दिन का रोजगार चाहिए — भरत राम
सभा को संबोधित करते हुए यूनियन के जिला अध्यक्ष भरत राम ने कहा कि सरकार मनरेगा मजदूरों को साल में 100 दिन का रोजगार देने में भी पूरी तरह असफल साबित हो रही है। उन्होंने कहा कि बढ़ती महंगाई और बेरोजगारी को देखते हुए मजदूर परिवारों का जीवन यापन मुश्किल हो गया है। उन्होंने सरकार से मांग करते हुए कहा कि मनरेगा के तहत मजदूरों को 100 दिन नहीं बल्कि 200 दिन का रोजगार दिया जाए तथा प्रतिदिन ₹700 मजदूरी सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि मजदूरों के अधिकारों के लिए आंदोलन आगे भी जारी रहेगा।
मजदूरों के भविष्य की लड़ाई है यह आंदोलन — रितेश श्रीवास्तव
सभा को संबोधित करते हुए जिला महासचिव अधिवक्ता रितेश श्रीवास्तव ने केंद्र सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार केवल योजनाओं और संस्थाओं के नाम बदलने में लगी हुई है, जबकि मजदूरों की वास्तविक समस्याओं पर कोई ठोस काम नहीं किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यदि देश के मजदूरों को बचाना है और उनके भविष्य को सुरक्षित करना है तो मजदूरों को एकजुट होकर अपनी आवाज बुलंद करनी होगी। उन्होंने मजदूरों से संगठन को मजबूत करने और अपने अधिकारों के लिए संघर्ष जारी रखने की अपील की। इस प्रदर्शन में यूनियन के जिला अध्यक्ष श्रीकिसुन सिंह, जिला सचिव रीमा कुमारी समेत बड़ी संख्या में नरेगा मजदूर उपस्थित रहे। मजदूरों ने सरकार से रोजगार, मजदूरी और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी मांगों को जल्द पूरा करने की मांग की।
प्रमुख मांगें
मनरेगा के तहत 200 दिन रोजगार की गारंटी
प्रतिदिन ₹700 मजदूरी तय करने की मांग
मजदूरों के सामाजिक सुरक्षा अधिकार लागू करने की मांग
बेरोजगारी और महंगाई पर नियंत्रण की मांग
आंदोलन को लेकर प्रशासन सतर्क
प्रदर्शन को देखते हुए प्रखंड मुख्यालय परिसर में प्रशासन भी सतर्क नजर आया। हालांकि पूरे कार्यक्रम के दौरान स्थिति शांतिपूर्ण बनी रही। मजदूर नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर विचार नहीं किया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।





