रेडियंट पब्लिक स्कूल की शाखाओं में सजी रंगोलियों और दीपों की आकर्षक छटा, प्रतियोगिता में बच्चों ने दिखाई प्रतिभा
कक्षा एक से दसवीं तक के विद्यार्थियों ने लिया उत्साहपूर्वक हिस्सा, रंगोली एवं दीप सज्जा के माध्यम से भारतीय कला-संस्कृति और परंपराओं का दिया संदेश

न्यूज़ विज़न। बक्सर
दीपावली के पावन अवसर पर शहर के चरित्रवन स्थित वीर कुंवर सिंह कॉलोनी सहित कृतपुरा, लाढोपुर एवं दानी कुटिया में संचालित रेडियंट पब्लिक स्कूल की विभिन्न शाखाओं में रंगोली एवं दीप सज्जा प्रतियोगिता का आयोजन हर्षोल्लास और उत्साह के साथ किया गया। प्रतियोगिता में कक्षा एक से दसवीं तक के विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। इस दौरान छात्र-छात्राओं ने अपनी रचनात्मकता, कल्पनाशीलता और कलात्मक प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन करते हुए एक से बढ़कर एक आकर्षक रंगोलियां बनाईं तथा दीपों को खूबसूरत ढंग से सजाया।
रंग-बिरंगे रंगों से तैयार मनमोहक रंगोलियों और आकर्षक दीप सज्जा से विद्यालय परिसर दीपावली के उल्लास में सराबोर नजर आया। बच्चों की कलाकृतियों में उनकी मेहनत, कल्पनाशीलता और कलात्मक सोच की झलक देखने को मिली। विद्यार्थियों द्वारा तैयार की गई आकर्षक रंगोलियों और दीप सज्जा ने शिक्षकों एवं उपस्थित अतिथियों का ध्यान आकर्षित किया। पूरे विद्यालय परिसर में उत्सव जैसा माहौल बना रहा। इस अवसर पर विद्यालय के निदेशक पारस नाथ सिंह ने विद्यार्थियों की प्रतिभा की सराहना करते हुए कहा कि बच्चों ने बेहद सुंदर रंगोलियां बनाई हैं और दीपों को भी आकर्षक तरीके से सजाया है। इस तरह की प्रतियोगिताओं से बच्चों की रचनात्मकता, कल्पनाशीलता और उनके अंदर छिपी प्रतिभा को निखरने का अवसर मिलता है। उन्होंने कहा कि पढ़ाई के साथ-साथ इस प्रकार की गतिविधियां भी विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास के लिए जरूरी हैं।
वहीं, विद्यालय के प्रधानाचार्य जय प्रकाश सिंह एवं उप प्रधानाचार्या श्यामली सिंह ने भी बच्चों के प्रयासों की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों में कला, संस्कृति और भारतीय परंपराओं के प्रति रुचि एवं जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ उनके सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। कार्यक्रम के दौरान शिक्षकों ने विद्यार्थियों को दीपावली के धार्मिक एवं सांस्कृतिक महत्व से भी अवगत कराया। उन्होंने बताया कि धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, भगवान श्रीराम 14 वर्षों का वनवास पूरा कर रावण पर विजय प्राप्त करने के बाद माता सीता और लक्ष्मण के साथ अयोध्या लौटे थे। उनके आगमन की खुशी में अयोध्यावासियों ने दीप जलाकर पूरे नगर को रोशन किया था। इसी परंपरा की स्मृति में दीपावली का त्योहार मनाया जाता है।
इसके साथ ही बच्चों को मां लक्ष्मी एवं भगवान गणेश की पूजा-अर्चना, स्वच्छता, आपसी प्रेम, सद्भाव और सहयोग का संदेश दिया गया। विद्यार्थियों को जरूरतमंदों के साथ खुशियां बांटने तथा दीपावली का त्योहार सुरक्षित एवं सौहार्दपूर्ण तरीके से मनाने के लिए प्रेरित किया गया। इस आयोजन को सफल बनाने में प्रभाकर मिश्रा, रघुनाथ शर्मा, चंदन सिंह, श्रीराम सिंह, आयुष श्रीवास्तव, मनीष कुमार, कुणाल कुमार, रेखा तिवारी, प्रतीक्षा कुमारी, सौम्या कुमारी, अपराजिता कुमारी, पुष्पा शर्मा, रीता सिंह सहित विद्यालय के अन्य शिक्षकों की सराहनीय भूमिका रही।




