दोस्ती, प्रेम और फिर खौफनाक कत्ल: पत्नी ने प्रेमी संग मिलकर उतारा था पति को मौत के घाट, नहर में फेंका शव
डुमरांव नहर से मिले शव की गुत्थी सुलझी, पुलिस ने पत्नी और उसके कथित प्रेमी को किया गिरफ्तार; हत्या में प्रयुक्त गड़ासी, बाइक और मोबाइल बरामद


न्यूज़ विज़न। बक्सर
बक्सर जिले के बासुदेवा थाना क्षेत्र अंतर्गत डुमरांव नहर लाइन मार्ग पर कुलमनपुर गांव के समीप नहर से बरामद अज्ञात शव की गुत्थी पुलिस ने सुलझाने का दावा किया है। पुलिस के अनुसार यह हत्या प्रेम प्रसंग के कारण की गई थी, जिसमें मृतक की पत्नी और उसके कथित प्रेमी ने मिलकर वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने मामले में दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है।
थानाध्यक्ष अनिल कुमार पासवान ने बताया कि मृतक की पहचान रोहतास जिले के काराकाट थाना क्षेत्र स्थित डेरा चांदी गांव निवासी स्वर्गीय सिजग सिंह के पुत्र वीरेंद्र सिंह के रूप में हुई है। मामले में मृतक की पत्नी ममता देवी तथा उसके कथित प्रेमी अरविंद कुमार को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर एक टीवीएस बाइक, हत्या में प्रयुक्त गड़ासी, एक एंड्रॉयड मोबाइल, एक कीपैड मोबाइल सहित अन्य सामान भी बरामद किया है।
19 जुलाई को हुई हत्या, 21 जुलाई को नहर में मिला शव
पुलिस के अनुसार 19 जुलाई की रात वीरेंद्र सिंह की गड़ासी से हत्या कर दी गई। हत्या के बाद शव को ठिकाने लगाने के उद्देश्य से नहर में फेंक दिया गया। शव बहते हुए 21 जुलाई को बासुदेवा थाना क्षेत्र के कुलमनपुर गांव के समीप पहुंच गया, जहां स्थानीय लोगों की सूचना पर पुलिस ने उसे बरामद किया। शव मिलने के बाद उसकी पहचान कराने का प्रयास शुरू किया गया। 22 जुलाई को परिजनों ने फोटो और पहचान चिन्हों के आधार पर शव की शिनाख्त वीरेंद्र सिंह के रूप में की। इसके बाद मृतक के छोटे भाई जितेंद्र सिंह ने अपनी भाभी ममता देवी के विरुद्ध हत्या कर शव नहर में फेंकने की प्राथमिकी दर्ज कराई।
तकनीकी जांच से खुला पूरा राज
एफआईआर दर्ज होने के बाद पुलिस ने तकनीकी अनुसंधान और साक्ष्यों के आधार पर जांच शुरू की। जांच के दौरान मिले इनपुट और पूछताछ में पूरा मामला सामने आया। पुलिस के अनुसार पूछताछ में यह स्पष्ट हुआ कि हत्या प्रेम प्रसंग के चलते की गई थी।
दोस्ती से शुरू हुई कहानी, फिर बन गया प्रेम संबंध
पुलिस सूत्रों के अनुसार वीरेंद्र सिंह और आरोपी अरविंद कुमार पहले घनिष्ठ मित्र थे। दोनों साथ में खेती का कार्य करते थे और अक्सर एक-दूसरे के घर आते-जाते थे। इसी दौरान कभी-कभी वीरेंद्र अपनी पत्नी को कहीं छोड़ने या लाने के लिए अपने दोस्त अरविंद को भेज देता था। इसी नजदीकी के दौरान ममता देवी और अरविंद कुमार के बीच कथित प्रेम संबंध विकसित हो गए। पुलिस का कहना है कि पिछले करीब आठ महीनों से दोनों के बीच प्रेम प्रसंग चल रहा था, जो आगे चलकर अवैध संबंध में बदल गया। दोनों साथ जीवन बिताना चाहते थे, लेकिन वीरेंद्र सिंह उनके रास्ते की सबसे बड़ी बाधा बन गया।
प्रेमी के साथ मिलकर रची हत्या की साजिश
पुलिस के अनुसार जब वीरेंद्र सिंह को दोनों के संबंधों की भनक लगी तो पति-पत्नी के बीच विवाद और मारपीट होने लगी। इसके बाद ममता देवी और अरविंद कुमार ने मिलकर वीरेंद्र सिंह की हत्या की योजना बनाई। आरोप है कि 19 जुलाई की रात दोनों ने गड़ासी से वीरेंद्र सिंह का गला रेतकर हत्या कर दी और साक्ष्य मिटाने की नीयत से शव को नहर में फेंक दिया।
दोनों आरोपी गिरफ्तार, भेजे गए जेल
मामले का खुलासा होने के बाद पुलिस ने काराकाट थाना क्षेत्र के डेरा चांदी गांव में छापेमारी कर मृतक की पत्नी ममता देवी और उसके कथित प्रेमी अरविंद कुमार को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के बाद दोनों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया।
बासुदेवा थानाध्यक्ष अनिल कुमार पासवान ने बताया कि प्रथम दृष्टया जांच में हत्या का कारण प्रेम प्रसंग सामने आया है। पुलिस ने घटना में प्रयुक्त हथियार और अन्य महत्वपूर्ण सामान बरामद कर लिया है। मामले में आगे की विधिक कार्रवाई जारी है।





