बक्सर-भरौली नए गंगा पुल पर ‘महाजाम’: बस खराब होने से 15 KM तक थमी रफ्तार, चिलचिलाती धूप में घंटों तड़पे यात्री
UP-बिहार बॉर्डर पर हाहाकार: गाजीपुर के बढ़नपुरा से बक्सर-आरा रोड तक लगी वाहनों की लंबी कतार, पुलिस ने ट्रैक्टर से खिंचवाई बस तब जाकर मिली राहत


न्यूज़ विज़न। बक्सर/भरौली
सोमवार का दिन बक्सर-भरौली गंगा पुल से गुजरने वाले यात्रियों के लिए किसी दुस्वप्न से कम नहीं रहा। चिलचिलाती धूप और प्रचंड गर्मी के बीच एक प्राइवेट बस की खराबी ने ऐसा तांडव मचाया कि उत्तर प्रदेश और बिहार को जोड़ने वाली इस लाइफलाइन पर करीब 6 घंटे तक पहिए थमे रहे। 15 किलोमीटर लंबा यह जाम गाजीपुर के बढ़नपुरा से लेकर बक्सर-आरा मार्ग तक फैल गया, जिससे हजारों लोग हलकान रहे।
कैसे शुरू हुआ मुश्किलों का सफर?
दोपहर के वक्त यूपी से बिहार की ओर आ रही एक निजी यात्री बस जैसे ही नए गंगा पुल के बीचों-बीच पहुंची, अचानक तकनीकी खराबी के कारण बंद हो गई। पुल पर जगह कम होने के कारण बस के पीछे देखते ही देखते ट्रकों और छोटी गाड़ियों की कतार लगनी शुरू हो गई। देखते ही देखते स्थिति बेकाबू हो गई और जाम का दायरा बढ़ता चला गया।
जाम का ‘विराट‘ रूप: आंकड़ों में स्थिति
- जाम की अवधि: लगभग 6 घंटे।
- जाम का फैलाव (UP की ओर): गाजीपुर के बढ़नपुरा तक करीब 15 किलोमीटर।
- जाम का फैलाव (बिहार की ओर): बक्सर-आरा मार्ग पर करीब 16 किलोमीटर।
- प्रभाव: भीषण गर्मी (Heatwave) के कारण बसों और कारों में बैठे बच्चे, बुजुर्ग और मरीज पानी के लिए तरसते नजर आए।
“प्रचंड गर्मी में लोग बस के अंदर पसीने से तर-बतर थे। छोटे बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल था। पुल पर फंसी बस को हटाने के लिए अंत में पुलिस को ट्रैक्टर का सहारा लेना पड़ा।”
पुलिस की मशक्कत और रेस्क्यू
सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची पुलिस को जाम खुलवाने में पसीने छूट गए। क्रेन की अनुपलब्धता या देरी के बीच, पुलिस ने स्थानीय स्तर पर ट्रैक्टर का इंतजाम किया और खराब बस को खींचकर बक्सर की ओर सुरक्षित स्थान पर खड़ा करवाया। इसके बाद धीरे-धीरे वाहनों का परिचालन बहाल हो सका।
दोहरी मार: भोर में भी टकराए थे ट्रक
क्षेत्र में संकट केवल दोपहर का नहीं था। सोमवार भोर में भी नसीरपुर मठ गांव के पास एक ट्रक और ट्रेलर के बीच आमने-सामने की जोरदार भिड़ंत हो गई थी। इस हादसे की वजह से भी सुबह करीब 3 घंटे तक आवागमन बाधित रहा, जिसका असर दोपहर तक यातायात पर बना रहा।
ग्रामीणों और दुकानदारों का फूटा गुस्सा
भरौली गोलंबर के आसपास रहने वाले ग्रामीणों और स्थानीय दुकानदारों ने प्रशासन के खिलाफ भारी नाराजगी जाहिर की है। उनका कहना है कि भरौली गोलंबर पर जाम अब रोज की समस्या बन गई है। वही भारी वाहनों के रेंगने और खराब सड़कों के कारण उड़ने वाली धूल ने लोगों का जीना मुहाल कर दिया है। दुकानदारों का कहना है कि दिन भर धूल उड़ने से उनके स्वास्थ्य और व्यापार दोनों पर बुरा असर पड़ रहा है।





