मुरार थाने की कमान युसूफ अंसारी को, कर्तव्य और अनुसंधान में लापरवाही पर नेहा कुमारी का हुआ है निलंबन
पूर्व थानाध्यक्ष नेहा कुमारी के निलंबन के बाद बक्सर एसपी शुभम आर्य ने की नई पदस्थापना, वाहन चोरी कोषांग से भेजे गए युसूफ अंसारी; 24 घंटे में योगदान का निर्देश

न्यूज़ विज़न। बक्सर
जिले में पुलिसिंग को और अधिक प्रभावी बनाने तथा थानों में कार्यों के निष्पादन में जवाबदेही सुनिश्चित करने को लेकर बक्सर पुलिस अधीक्षक शुभम आर्य ने मुरार थाना में बड़ा प्रशासनिक बदलाव किया है। पूर्व थानाध्यक्ष नेहा कुमारी को कर्तव्य के प्रति लापरवाही एवं अनुसंधान के दौरान लापरवाही के मामले में निलंबित किए जाने के बाद अब मुरार थाना की जिम्मेदारी पुलिस अवर निरीक्षक 2009 बैच के तेज तर्रार पुलिस पदाधिकारी युसूफ अंसारी को सौंपी गई है। इस संबंध में एसपी कार्यालय की ओर से पदस्थापन आदेश जारी किया गया है।
जारी आदेश के अनुसार पु0अ0नि0 युसूफ अंसारी वर्तमान में वाहन चोरी कोषांग, पुलिस कार्यालय, बक्सर में पदस्थापित थे। उन्हें तत्काल प्रभाव से मुरार थाना का थानाध्यक्ष बनाया गया है। आदेश में स्पष्ट किया गया है कि पूर्व थानाध्यक्ष मुरार को जिला आदेश संख्या 1556/2026 के माध्यम से पहले ही निलंबित किया जा चुका है। इसके बाद थाना की कमान युसूफ अंसारी को सौंपी गई है। पुलिस विभाग से जुड़े सूत्रों के अनुसार, पूर्व थानाध्यक्ष के विरुद्ध कर्तव्य निर्वहन में लापरवाही तथा अनुसंधान के दौरान अपेक्षित सतर्कता एवं जिम्मेदारी नहीं बरतने को लेकर कार्रवाई की गई। एसपी शुभम आर्य की ओर से की गई यह कार्रवाई पुलिस पदाधिकारियों को अपने दायित्वों के प्रति गंभीर और जवाबदेह रहने का स्पष्ट संदेश भी मानी जा रही है।
24 घंटे में योगदान का निर्देश
एसपी के आदेश में नवनियुक्त थानाध्यक्ष युसूफ अंसारी को अपने नए पदस्थापन स्थल पर 24 घंटे के अंदर योगदान करने और अनुपालन प्रतिवेदन समर्पित करने का निर्देश दिया गया है। मुरार थाना की जिम्मेदारी मिलने के बाद अब युसूफ अंसारी के सामने क्षेत्र में कानून-व्यवस्था बनाए रखने, अपराध पर नियंत्रण, मामलों के अनुसंधान में तेजी और गुणवत्ता सुनिश्चित करने तथा आम लोगों की शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई की चुनौती होगी। वाहन चोरी कोषांग, डीआईयु, राजपुर थाना में कार्य करने के अनुभव के बाद उन्हें थाना स्तर पर पुनः एकबार नई जिम्मेदारी दी गई है। एसपी शुभम आर्य के इस आदेश से स्पष्ट है कि जिले में पुलिस अधिकारियों के कर्तव्य निर्वहन और अनुसंधान की गुणवत्ता को लेकर पुलिस नेतृत्व गंभीर है और लापरवाही सामने आने पर कार्रवाई के साथ-साथ जिम्मेदार अधिकारियों को नई जिम्मेदारी भी सौंपी जा रही है।




