निजी विद्यालयों की समस्याओं और विद्यार्थियों के हितों पर मंथन, शिक्षा प्रशासन से समन्वय का लिया निर्णय
प्राइवेट स्कूल्स एंड चिल्ड्रन वेलफेयर एसोसिएशन की बैठक में विद्यालय संचालन की चुनौतियों पर हुई विस्तृत चर्चा, समस्याओं को विभाग के समक्ष रखने पर बनी सहमति


न्यूज़ विज़न। बक्सर
शनिवार को बायपास रोड स्थित बिहार सेंट्रल स्कूल के प्रांगण में प्राइवेट स्कूल्स एंड चिल्ड्रन वेलफेयर एसोसिएशन, बक्सर के नेतृत्व में जिले के निजी विद्यालयों के संचालकों एवं प्रतिनिधियों की महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में निजी विद्यालयों के समक्ष उत्पन्न हो रही विभिन्न समस्याओं, विद्यालय संचालन से जुड़ी चुनौतियों तथा विद्यार्थियों की शैक्षणिक एवं अन्य आवश्यकताओं से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक में जिले के विभिन्न निजी विद्यालयों से पहुंचे संचालकों एवं प्रतिनिधियों ने विद्यालय संचालन के दौरान सामने आ रही समस्याओं को साझा किया। साथ ही इन समस्याओं के समाधान के लिए सामूहिक प्रयास करने तथा शिक्षा प्रशासन एवं संबंधित विभागों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने पर जोर दिया गया।
विद्यार्थियों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता
एसोसिएशन के अध्यक्ष प्रदीप पाठक ने कहा कि निजी विद्यालय जिले की शिक्षा व्यवस्था का एक महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। विद्यालयों के संचालन से जुड़ी किसी भी समस्या का प्रत्यक्ष अथवा अप्रत्यक्ष प्रभाव विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों पर भी पड़ता है। ऐसे में विद्यालयों की समस्याओं के साथ-साथ विद्यार्थियों के हितों से जुड़े विषयों को प्राथमिकता के आधार पर संबंधित विभाग एवं शिक्षा प्रशासन के समक्ष रखना जरूरी है। उन्होंने कहा कि एसोसिएशन का उद्देश्य निजी विद्यालयों की समस्याओं को एकजुट होकर उचित मंच तक पहुंचाना और संवाद एवं समन्वय के माध्यम से उनका सकारात्मक समाधान कराना है। साथ ही विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराने के लिए लगातार सकारात्मक पहल की जाएगी।
शिक्षा प्रशासन को समस्याओं से कराया जाएगा अवगत
बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि निजी विद्यालयों में अध्ययनरत बच्चों से संबंधित विभिन्न समस्याओं तथा विद्यालय संचालकों के समक्ष उत्पन्न हो रही आसन्न चुनौतियों की जानकारी शिक्षा प्रशासन एवं संबंधित विभाग को विधिवत दी जाएगी। इसके लिए एसोसिएशन की ओर से आवश्यक पहल की जाएगी, ताकि आपसी संवाद और समन्वय के माध्यम से समस्याओं का उचित समाधान निकाला जा सके। बैठक में इस बात पर भी जोर दिया गया कि विद्यालय संचालक और शिक्षा प्रशासन आपसी सहयोग के साथ कार्य करें, जिससे विद्यालयों के संचालन में आने वाली परेशानियों को दूर करने के साथ विद्यार्थियों की शिक्षा एवं आवश्यक सुविधाओं को बेहतर बनाया जा सके।
एकजुट होकर समस्याओं के समाधान पर जोर
एसोसिएशन अध्यक्ष प्रदीप पाठक ने कहा कि निजी विद्यालयों की समस्याओं को लेकर सभी संचालकों एवं प्रतिनिधियों को एकजुट होकर सकारात्मक तरीके से अपनी बात रखनी होगी। संगठन विद्यार्थियों, अभिभावकों और विद्यालयों से जुड़े विषयों को उचित मंच तक पहुंचाने के लिए लगातार प्रयासरत रहेगा। उन्होंने कहा कि बैठक का मुख्य उद्देश्य किसी समस्या को लेकर टकराव पैदा करना नहीं, बल्कि संबंधित विभाग के साथ बेहतर संवाद स्थापित कर व्यावहारिक एवं सकारात्मक समाधान तलाशना है।
ये रहे प्रमुख रूप से मौजूद
बैठक में रविन्द्र सर, धीरज पांडेय, मनोज त्रिगुण, संजीव ओझा, भरत प्रसाद, बसंत सिन्हा, सतीश चंद्र त्रिपाठी, प्रकाश पांडेय, रौशन श्रीवास्तव, पीयूष प्रियदर्शी, पप्पु कुमार गुप्ता, शिव कुमार केशरी, अमित दुबे, धर्मेन्द्र पांडेय एवं सुदीप प्रताप सिंह सहित जिले के विभिन्न निजी विद्यालयों के संचालक एवं प्रतिनिधि मौजूद रहे। बैठक के दौरान सभी प्रतिनिधियों ने निजी विद्यालयों की समस्याओं के समाधान, शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने और विद्यार्थियों के हितों को प्राथमिकता देने के लिए संगठनात्मक स्तर पर एकजुट होकर कार्य करने की प्रतिबद्धता जताई।





