अधिवक्ता रामबाबू की 10वीं पुण्यतिथि पर न्यायाधीशों व अधिवक्ताओं ने ने दी भावभीनी श्रद्धांजलि
जिला अधिवक्ता संघ के तत्वावधान में आयोजित श्रद्धांजलि सभा में वक्ताओं ने उनके आदर्शों, विद्वता और न्यायिक सेवा को किया याद, उनके पदचिह्नों पर चलने का लिया संकल्प


न्यूज़ विज़न। बक्सर
दिवंगत अधिवक्ता रामबाबू की 10वीं पुण्यतिथि के अवसर पर व्यवहार न्यायालय परिसर स्थित पुस्तकालय भवन में जिला अधिवक्ता संघ के तत्वावधान में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया। इस अवसर पर प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश, न्यायिक पदाधिकारियों तथा बड़ी संख्या में अधिवक्ताओं ने उनके तैलचित्र पर पुष्प अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी और उनके न्यायिक योगदान को स्मरण किया।
कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष बबन ओझा ने की, जबकि मंच संचालन वरीय अधिवक्ता रामेश्वर प्रसाद वर्मा ने किया। कार्यक्रम की शुरुआत दिवंगत अधिवक्ता के तैलचित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर की गई। अपने अध्यक्षीय संबोधन में बबन ओझा ने कहा कि अधिवक्ता रामबाबू ने अपने लंबे न्यायिक जीवन में व्यवहार न्यायालय में उल्लेखनीय सेवाएं दीं। उन्होंने अपनी विद्वता, सरल स्वभाव और अनुशासित आचरण से न केवल न्यायिक व्यवस्था को मजबूत किया, बल्कि युवा अधिवक्ताओं का भी निरंतर मार्गदर्शन किया। उन्होंने कहा कि एक श्रेष्ठ गुरु के संस्कार उनके शिष्यों में भी स्पष्ट रूप से दिखाई देते हैं।
प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश काजल झाम्ब ने श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि दिवंगत अधिवक्ता के आदर्श, मूल्य और कार्यशैली आज भी नई पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत हैं। उन्होंने कहा कि उनके द्वारा दिखाए गए मार्ग पर चलकर न्यायिक व्यवस्था को और अधिक सशक्त बनाया जा सकता है। उनके आदर्शों और सिद्धांतों को अपनाना ही उनके प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी। जिला अधिवक्ता संघ के महासचिव बिंदेश्वरी पांडे उर्फ पप्पू पांडे ने सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए दिवंगत अधिवक्ता को श्रद्धांजलि अर्पित की। वहीं, दिवंगत अधिवक्ता के पुत्र मनीष कुमार ने उपस्थित सभी न्यायाधीशों एवं अधिवक्ताओं के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वे अपने पिता के आदर्शों, संस्कारों और मार्गदर्शन का अनुसरण करते हुए आगे बढ़ने का प्रयास कर रहे हैं। उन्होंने जिला अधिवक्ता संघ के प्रति विनम्र भाव से कृतज्ञता भी व्यक्त की।
श्रद्धांजलि सभा में अधिवक्ता जनार्दन राय, श्रीमन्नारायण ओझा, शेषनाथ सिंह, दिनानाथ सिंह, जनार्दन शर्मा, आदित्य कुमार वर्मा, रामनाथ ठाकुर, मनीष श्रीवास्तव, रवि सिन्हा, जितेंद्र सिन्हा, सुरेश श्रीवास्तव, विक्की कुमार, मनोज श्रीवास्तव, रामाकांत तिवारी, रामकृष्ण चौबे, पप्पू मिश्रा, सुजीत सिंह सहित अनेक न्यायिक पदाधिकारी एवं अधिवक्तागण उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में महासचिव बिंदेश्वरी पांडे उर्फ पप्पू पांडे ने सभी आगंतुकों के प्रति धन्यवाद ज्ञापित किया। श्रद्धांजलि सभा का समापन दिवंगत अधिवक्ता रामबाबू के व्यक्तित्व एवं कृतित्व को नमन करते हुए उनके आदर्शों पर चलने के सामूहिक संकल्प के साथ हुआ।





