इटाढ़ी रेलवे गुमटी पर सियासत तेज, बहुजन सेना ने सांसद-विधायक पर साधा निशाना
अनिल कुमार बोले—‘रील बाजी छोड़ काम करें जनप्रतिनिधि, जनता को चाहिए गुमटी खुलने और आरओबी की मरम्मत की तारीख’


न्यूज़ विज़न। बक्सर
बक्सर-इटाढ़ी मार्ग स्थित रेलवे गुमटी को दोबारा आम लोगों के आवागमन के लिए खोलने की कवायद के बीच इस मुद्दे को लेकर राजनीतिक बयानबाजी भी तेज हो गई है। बहुजन शोषित समाज संघर्ष समिति (बहुजन सेना) के राष्ट्रीय अध्यक्ष अनिल कुमार ने स्थानीय सांसद सुधाकर सिंह और सदर विधायक आनंद मिश्रा पर निशाना साधते हुए कहा है कि जनता को बयान और सोशल मीडिया की गतिविधियां नहीं, बल्कि धरातल पर काम का परिणाम चाहिए।
अनिल कुमार ने कहा कि रेलवे गुमटी बंद होने और उसके विकल्प के रूप में बनाए गए नवनिर्मित आरओबी के क्षतिग्रस्त होने से आम लोगों की परेशानी लगातार बढ़ी है। किसानों, दैनिक कामगारों, स्कूली छात्रों समेत बड़ी संख्या में लोगों को आने-जाने के लिए लंबा रास्ता तय करना पड़ रहा है। इससे समय और धन दोनों की बर्बादी हो रही है।
30 मई को बंद हुआ था समपार फाटक
बहुजन सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि 30 मई को इटाढ़ी रोड स्थित समपार फाटक संख्या-70 को स्थायी रूप से बंद कर दिया गया था। इसके विकल्प के तौर पर बनाए गए आरओबी के क्षतिग्रस्त होने के बाद 5 जून से उसका आवागमन भी बंद है। ऐसे में दोनों रास्ते बाधित होने के कारण स्थानीय लोगों की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। उन्होंने कहा कि अब रेलवे गुमटी को फिर से खोलने की प्रक्रिया एक सप्ताह के भीतर पूरी होने की बात सामने आ रही है, लेकिन आरओबी की मरम्मत कब तक पूरी होगी, इसे लेकर अभी तक स्पष्ट समयसीमा सामने नहीं आई है। ऐसी स्थिति में रेलवे और राज्य सरकार को जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए तत्काल ठोस कदम उठाना चाहिए।
सांसद-विधायक की सक्रियता पर भी उठाए सवाल
अनिल कुमार ने कहा कि सांसद सुधाकर सिंह की ओर से रेलवे गुमटी खोलने के लिए सैद्धांतिक अनुमति मिलने की जानकारी दी गई है। वहीं सदर विधायक आनंद मिश्रा द्वारा दिल्ली में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव और रेलवे के महाप्रबंधक मनोज कुमार दुबे से मुलाकात कर गुमटी खोलने की मांग रखने की बात कही गई है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधियों को इस मुद्दे पर गंभीरता से काम करना चाहिए। “पहले रील बनाना बंद करें और काम पर ध्यान दें। जनता अब यह देखना चाहती है कि वास्तव में गुमटी कब खुलती है और आरओबी की मरम्मत कब पूरी होती है।” उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर श्रेय लेने की होड़ के बजाय जनता को राहत दिलाने वाला परिणाम जमीन पर दिखाई देना चाहिए।
जनता को चाहिए समाधान, श्रेय की राजनीति नहीं
बहुजन सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने कहा कि इटाढ़ी रेलवे गुमटी का मामला किसी एक दल या व्यक्ति की राजनीतिक उपलब्धि का विषय नहीं, बल्कि हजारों लोगों की रोजमर्रा की परेशानी से जुड़ा जनहित का मुद्दा है। उन्होंने कहा कि सांसद, विधायक, जिला प्रशासन और रेलवे को आपसी समन्वय के साथ इस समस्या का स्थायी समाधान निकालना चाहिए। उन्होंने उम्मीद जताई कि इटाढ़ी रोड की रेलवे गुमटी जल्द आम आवागमन के लिए खोल दी जाएगी, जिससे लोगों को जाम, लंबी दूरी और अनावश्यक चक्कर से राहत मिलेगी।
बक्सर स्टेशन की सुविधाओं का मुद्दा भी उठाया
अनिल कुमार ने बक्सर रेलवे स्टेशन की आवश्यक सुविधाओं और पुराने-जर्जर संसाधनों को बदलने की मांग भी उठाई। उन्होंने कहा कि बक्सर की जनता लंबे समय से रेलवे से जुड़ी कई समस्याओं का सामना कर रही है। रेलवे को स्टेशन की मूलभूत सुविधाओं और यात्री सुविधाओं में सुधार की दिशा में भी शीघ्र पहल करनी चाहिए। उन्होंने कहा कि “जनप्रतिनिधियों को आपसी श्रेय की राजनीति छोड़कर एकजुट होकर जनता को राहत दिलाने का काम करना चाहिए।” उन्होंने बताया कि बहुजन सेना भी इस मामले में लगातार प्रयासरत है और अधिकारियों से मिलकर जल्द से जल्द आरओबी के निर्माण/मरम्मत का कार्य सुनिश्चित कराने की दिशा में प्रयास कर रही है। अब निगाहें रेलवे और प्रशासन की अगली कार्रवाई पर टिकी हैं। जनता के बीच सबसे बड़ा सवाल यही है कि इटाढ़ी रेलवे गुमटी आखिर कब खुलेगी और क्षतिग्रस्त आरओबी की मरम्मत कब तक पूरी होगी।





