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भरत तिवारी कांड पर समाजसेवी सह भाजपा नेता प्रहलाद मिश्रा से चर्चा, प्रह्लाद बोले- ‘जातिवाद की राजनीति कर रहे लोग मुद्दे को भटका रहे’

मुख्यमंत्री की कार्रवाई पर जताया भरोसा, कहा- निलंबन से लेकर एफआईआर तक लगातार हो रही कार्रवाई; मुन्ना तिवारी से पूछा- चौसा मामले में तब कहां थे?

न्यूज़ विज़न।  बक्सर 
भोजपुर के शाहपुर थाना क्षेत्र के बिलौटी गांव में हुए चर्चित भरत तिवारी कांड को लेकर भाजपा नेता एवं समाजसेवी प्रहलाद मिश्रा ने बातचीत के दौरान कहा कि जैसे ही यह मामला मुख्यमंत्री के संज्ञान में आया, सरकार ने लगातार कार्रवाई शुरू कर दी। सबसे पहले पांच पुलिसकर्मियों को निलंबित किया गया, न्यायिक जांच के आदेश दिए गए और उसके बाद प्राथमिकी दर्ज कराई गई। यह दर्शाता है कि सरकार मामले को गंभीरता से ले रही है और आगे भी आवश्यक कार्रवाई जारी रहेगी।

 

प्रहलाद मिश्रा ने कहा कि भरत तिवारी के साथ हुई घटना दुखद है और उनकी संवेदनाएं पूरी तरह पीड़ित परिवार के साथ हैं। उन्होंने भरोसा जताया कि मुख्यमंत्री द्वारा भविष्य में भी पीड़ित परिवार के हित में और बेहतर कदम उठाए जाएंगे। उन्होंने कहा कि शाहपुर के विधायक राकेश ओझा शुरू से ही इस मामले को लेकर मुख्यमंत्री और भाजपा नेतृत्व के संपर्क में हैं तथा उनके प्रयासों से आगे भी कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए जाएंगे। हालांकि, प्रहलाद मिश्रा ने कुछ लोगों पर इस मामले को जातीय रंग देने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भरत तिवारी प्रकरण को ब्राह्मण बनाम कुशवाहा का मुद्दा बनाकर कुछ लोग अपनी राजनीतिक रोटियां सेंकने में लगे हैं, जो कहीं से भी उचित नहीं है। उनका कहना था कि न्याय की लड़ाई को जातीय संघर्ष का रूप देना समाज और पीड़ित परिवार दोनों के हित में नहीं है।

 

इस दौरान उन्होंने बक्सर के पूर्व विधायक मुन्ना तिवारी पर भी सवाल उठाए। प्रहलाद मिश्रा ने कहा कि जब चौसा के बनारपुर में दर्जनों ब्राह्मणों को विभिन्न मामलों में फंसाए जाने की बात सामने आई थी, तब मुन्ना तिवारी कहां थे। उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ लोग आज राजनीतिक लाभ के लिए बयानबाजी कर रहे हैं, जबकि पहले ऐसे मामलों में उनकी सक्रियता दिखाई नहीं दी। भाजपा नेता ने कहा कि सरकार निष्पक्ष जांच और न्याय के पक्ष में है तथा दोषियों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने लोगों से अपील की कि मामले को जातीय चश्मे से देखने के बजाय न्यायिक प्रक्रिया पर भरोसा रखें।

 

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