स्वच्छता सर्वेक्षण में बाधक बन सकते हैं अनुपयोगी सामुदायिक शौचालय
नप के ईओ ने कहा कि समुदायिक शौचालयों का सर्वे कराकर जो कमी है, उसे दुरुस्त कराया जाएगा


न्यूज विजन। बक्सर
भारत स्वच्छता मिशन के तहत शहर में 2.68 करोड़ से बनाए गये 18 सामुदायिक शौचालयों अधिकांश उपयोग के लायक नहीं रह गये हैं। ऐसे में शहर में रहने वाले भूमिहीन परिवार आज भी खुले में शौच करने को विवश हैं। बता दें कि नगर परिषद की ओर से स्वच्छता सर्वेक्षण में बेहतर अंक प्राप्त करने की तैयारी में यह रोड़ा बन सकता है। नप कार्यालय से प्राप्त जानकारी के अनुसार शहर के विभिन्न जगहों पर बने 5 सीट के दो, 12 सीट के पांच और 18 सीट के ग्यारह शौचालय मात्र शोपीस बन कर रह गये हैं। अधिकांश शौचालय बंद और बेकार हो गये हैं। लाइट, पानी आदि की व्यवस्था तक नहीं है। करोड़ों रुपये खर्च कर सामुदायिक शौचालय निर्माण का मकसद शहर को खुले में शौच से मुक्ति दिलाना था। लेकिन, सरकार की यह मंशा धरातल नहीं उतर सकी। इसमें नगर परिषद के अधिकारियों की उदासीनता साफ झलक रही है। वहीं यहां के लोग भी जागरूक नहीं हैं। स्थानीय राकेश चंद्र ओझा, संजय सिन्हा, रवि लाल आदि ने कहा कि कागज पर शहरी क्षेत्र को ओडीएफ घोषित कर दिया गया है, जबकि आज भी शहर में बसे भूमिहीन परिवार खुले में शौच करने को विवश हैं।
398 सीट के कुल 18 शौचालय बनाए गये थे। उद्देश्य था कि शहर में गुजर बसर कर रहे भूमिहीन परिवार को एक-एक सीट आवंटित करना था। वे शौचालय का उपयोग करने के साथ ही उसकी साफ-सफाई का ध्यान रखेंगे। लेकिन, यहां ऐसा कुछ देखने को नहीं मिला। भूमिहीन परिवार को चाबी दी गई या नहीं इसका सीधा जवाब देने से जिम्मेवार आनाकानी करते हैं। महात्मा गांधी बड़ा बाजार में दो सामुदायिक शौचालय निर्माण कराया गया। निर्माण के बाद एक का ताला ही नहीं खुला तो दूसरा कुछ दिन चलने के बाद बेकार हो गया। शांती नगर, किला मैदान के पास आदि स्थलों पर बने सामुदायिक शौचालयों का हाल कुछ इसी तरह का है। भूमिहीन परिवार आज भी खुले में शौच कर रहा है।
शहर में वैसे जगहों को चिन्हित कर सामुदायिक शौचालय बनाया गया, जहां सरकारी जमीन पर भूमिहीन परिवार झोपड़ी डाल कर जीवन बसर कर रहे हैं। जानकारी के अनुसार लाइट एंड साउंड के पास 5 सीट का एक, पूर्वी शांति नगर में 5 सीट का एक, श्मशान घाट पर 12 सीट का एक, सिविल लाइन स्थित महात्मा गांधी बड़ा बाजार परिसर में 12-12 सीट का दो, चरित्रवन में एक एवं जहाज घाट पर एक 12 सीट का सामुदायिक शौचालय का निर्माण कराया गया है। पश्चिमी शांति नगर में 3, खलासी मुहल्ला में 1, पूर्वी शांति नगर में 1, गड़ीखाना के पास 1, रामरेखा घाट के पास 1, सर्किट हाउस के पास 1, किला मैदान के पास 1 और जय प्रकाश नारायण बस अड्डा के पास एक 18 सीट वाला शौचालय का निर्माण कराया गया है। नगर परिषद के ईओ ऋत्विक ने कहा कि सामुदायिक शौचालयों का सर्वे कराया जा रहा है। है। शौचालय में जो भी कमियां हैं उसे दुरुस्त कराया जाएगा।





