रेनफेड एरिया डेवलपमेंट योजना के तहत तीन सौ किसानों को मिलेगा 90 लाख का अनुदान
एकीकृत कृषि के लिए योजना के तहत जिले के चार प्रखंडों का किया गया है चयन


न्यूज विजन। बक्सर
वर्षा आधारित क्षेत्र के किसानों के लिए अच्छी खबर है। ऐसे क्षेत्रों में कृषि को सुगम और मजबूत बनाने के लिए भारत की ओर से रेनफेड एरिया डेवलपमेंट योजना वरदान साबित होगी। योजना के अंतर्गत खेती सुधार, जल संरक्षण, मिट्टी प्रबंधन और आधुनिक व एकीकृत कृषि तकनीकों को बढ़ावा दिया जाएगा।
जिला कृषि पदाधिकारी धर्मेन्द्र कुमार ने बताया कि रेनफेड एरिया डेवलपमेंट योजना के तहत 120 हेक्टेयर में एकीकृत खेती छह क्लस्टर में की जाएगी। प्रति क्लस्टर बीस हेक्टेयर का होगा। वहीं एक क्लस्टर में पचास किसान होंगे। यानी छह क्लस्टर में तीन सौ किसान एकीकृत खेती करेंगे। डीएओ धर्मेन्द्र कुमार ने बताया कि रेनफेड एरिया डेवलपमेंट योजना के तहत तीन हजार किसानों का चयन किया जाना है। हर किसान को सरकार की ओर से तीस हजार रुपए की सहायता राशि दी जाएगी। यानी कि कुल मिलाकर इस योजना के तहत किसानों को 90 लाख रुपए का अनुदान दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि एकीकृत कृषि प्रणाली के तहत किसान मोटा अनाज, सब्जी की खेती और पौधा लगाएंगे। इसके अलावा गाय, भैंस व छोटे जानवर में बकरी आदि का पालन कर सकते हैं।
जिला कृषि पदाधिकारी ने बताया कि रेनफेड एरिया डेवलपमेंट योजना के क्रियान्वयन के लिए जिले के ब्रह्मपुर, सिमरी, चक्की और डुमरांव प्रखंड का चयन किया गया है। ब्रह्मपुर प्रखंड के देवकुली और पांडेयपुर में एक-एक क्लस्टर, सिमरी प्रखंड के नगपुरा व बलिहार मिलाकर एक क्लस्टर, चक्की प्रखंड के मनीपुर व अदरखपुर मिलाकर एक कलस्टर और डुमरांव प्रखंड के कोरानसराय व लाखनडेहरा में एक-एक क्लस्टर में एकीकृत कृषि प्रणाली के तहत खेती होगी।





