समाज सेवा और पर्यावरण संरक्षण की मिसाल बने सिद्धार्थ पांडेय
दलित बस्तियों में मिठाई बांटकर व पौधरोपण कर मनाया 19वां जन्मदिन


न्यूज़ विज़न। बक्सर
समाज के प्रति सकारात्मक सोच, सेवा भावना और पर्यावरण संरक्षण का प्रेरक संदेश देते हुए समाजसेवी एवं भाजपा कार्यकर्ता सिद्धार्थ पांडेय ने अपना 19वां जन्मदिन पारंपरिक ढंग से केक काटकर नहीं, बल्कि समाज और प्रकृति को समर्पित करते हुए मनाया। उन्होंने अपने संगठन के सदस्यों के साथ दलित बस्तियों में जाकर लोगों के बीच मिठाइयाँ वितरित कीं तथा वामन भगवान मंदिर परिसर में “धरती मां के नाम” एक पौधा लगाकर पर्यावरण संरक्षण का संकल्प लिया।
इस अवसर पर सिद्धार्थ पांडेय ने कहा कि धरती मां हमें जीवन, हवा, पानी और भोजन देती है, अब हमारी भी जिम्मेदारी है कि हम उसे कुछ लौटाएं। इसी सोच के साथ उन्होंने प्रदूषण को रोकने और हरियाली बढ़ाने के उद्देश्य से यह छोटा लेकिन सार्थक प्रयास किया। उन्होंने कहा कि केक काटकर जन्मदिन मनाना आम बात है, लेकिन उन्होंने अपने जन्मदिन पर एक पौधे के रूप में अपना भविष्य बोया है, जो आने वाले समय में उनके जन्मदिन की असली पहचान बनेगा।
उन्होंने युवाओं से अपील करते हुए कहा कि आज के युवाओं को अपने निजी खुशी के पलों को समाज सेवा और पर्यावरण संरक्षण जैसे कार्यों से जोड़ना चाहिए। पौधरोपण न केवल पर्यावरण को सुरक्षित करता है, बल्कि आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ, स्वस्थ और बेहतर जीवन देने की दिशा में भी एक मजबूत कदम है। दलित बस्तियों में मिठाई वितरण के दौरान स्थानीय लोगों ने सिद्धार्थ पांडेय की इस पहल की खुलकर सराहना की। लोगों ने कहा कि इस तरह के कार्य समाज में नई ऊर्जा, आपसी भाईचारे और जागरूकता पैदा करते हैं। उन्होंने इसे युवाओं के लिए एक अनुकरणीय उदाहरण बताया।
कार्यक्रम के दौरान उनके मित्र, संगठन के सदस्य एवं स्थानीय लोग मौजूद रहे। सभी ने सिद्धार्थ पांडेय के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उनके सामाजिक और पर्यावरणीय प्रयासों की प्रशंसा की। उपस्थित लोगों ने विश्वास जताया कि यदि युवा इसी प्रकार समाज और प्रकृति के लिए आगे आएं, तो निश्चित रूप से एक बेहतर और संवेदनशील समाज का निर्माण संभव है।





